ग्रेटर नगर निगम कि निलंबित मेयर सौम्या गुर्जर के पति राजाराम के घर एसीबी अफसरों के पहुंचते ही राजाराम ने कहा, पता था आप कभी भी आ सकते हो, ले लीजिए तलाशी। इसके बाद 10 घंटे चले तलाशी अभियान में केवल मिले 1000 रुपए।
एसीबी के दो अधिकारी वकील बनकर पहुंचे थे राजाराम के घर, सौम्या – राजाराम से मिलने के बहाने घुसे और गिरफ्तार किया।
एसीबी ने वायरल हुए वीडियो और सात ऑडियो को तेलंगाना स्टेट फॉरेंसिक लैब में जांच के लिए भेजा था। लैब ने अपनी रिपोर्ट में दोनों चेहरों की पुष्टि की है। साथ ही यह भी कहा कि ऑडियो वीडियो में किसी भी तरह की मिक्सिंग या एडिटिंग नहीं हुई है।
BVG कंपनी से 20 करोड़ की घूस मांगने के आरोप।
बीवीजी कंपनी के 276 करोड रुपए के बकाया भुगतान के लिए 20 करोड़ की घूस मांगने के आरोप में गिरफ्तार किए गए ग्रेटर नगर निगम की निलंबित मेयर सौम्या गुर्जर के पति राजाराम के घर एसीबी को 10 घंटे के सर्च अभियान में केवल 1000 रुपए मिले। इससे पहले जब एसीबी अधिकारी घर में घुसे तो राजाराम ने उनसे कहा, मुझे पता था कि आप जरूर आएंगे- जाइए तलाशी ले लिजिए, कुछ नहीं मिलने वाला।
रिश्वत के आरोपों को नकारते हुए राजाराम ने दावा किया।
घुस के आरोपों को नकारते हुए राजाराम ने दावा किया कि कंपनी ने फसाने के लिए वीडियो बनाया है। एसीबी ने वायरल वीडियो और सात ऑडियो तो तेलंगाना स्टेट फॉरेंसिक लैब में जांच के लिए इंस्पेक्टर नरेंद्र सिंह को 19 जून को भेजा था। लैब से एसीबी को 24 जून को रिपोर्ट मिली। रिपोर्ट में ऑडियो वीडियो के मिक्सिंग, टेंपरिंग और एडिटिंग नहीं होने के बारे में बताया गया है। मंगलवार को एसीबी राजाराम गुर्जर के आवास पर पहुंची। सबसे पहले एसीबी के दो अधिकारी वकील बनकर गए और सिक्योरिटी गार्ड से कहां हम मेयर साहिबा और उनके पति से मिलना चाहते हैं। सिक्योरिटी गार्ड द्वारा वकील के आने की सूचना दी गई, इससे साफ हो गया कि राजाराम घर में ही है।
एसीबी अधिकारियों ने 10 जून को वीडियो वायरल होने के बाद परिवाद दर्ज किया था। जांच अधिकारी ने वीडियो के साथ इंटरनेट से निंबाराम व राजाराम गुर्जर के फोटो निकालें और मिलान के लिए एफएसएल में भेजा। एफएसएल ने रिपोर्ट दी कि वीडियो में जो चेहरे हैं वही एसीबी की ओर से दी गई फोटोग्राफ में है। वीडियो में किसी तरह की एडिटिंग नहीं है।
एसीबी ने 28 जून की रात 10 बजे मामला दर्ज कर लिया। इस पर एसीबी का दावा है कि 20 करोड रुपए की घूस मांगने के वायरल हुए वीडियो में राजाराम और निंबाराम ही है। एसीबी अधिकारियों का कहना है कि हमारी कोशिश है कि इस मामले में हम जल्द ही कोर्ट में चार्जशीट दाखिल करें। इस मामले में किसी को भी नहीं बख्शा जाएगा। हर किसी के खिलाफ सबूत एकत्र किए जा रहे हैं।
बुधवार को दोबारा कोर्ट में चालान पेश किया जाएगा।
जयपुर के ज्योति नगर थाना पुलिस ने ग्रेटर नगर निगम कमिश्नर से मारपीट और अभद्रता मामले में निगम की निलंबित मेयर सौम्या गुर्जर सहित निलंबित पार्षदों के खिलाफ बुधवार को दोबारा से कोर्ट में चालान पेश कर दिया। कोर्ट ने पुलिस की ओर से पेश किए गए चालान में खामी व अनुसंधान अधूरा होने के कारण मंगलवार को चालान लौटा दिया था। पुलिस ने दोबारा चालान पेश कर कहा कि आरोपियों ने नोटिस देखकर लेने से इनकार कर दिया था। ऐसे में घरों के बाहर चस्पा कर तामिल कराई गई है। 4 जून को निगम कमिश्नर यज्ञमित्र सिंह ने अभद्रता का मामला दर्ज कराया था।
एसीबी ने दर्ज एफआइआर में कहा है कि उन्होंने वीडियो में मौजूद राजाराम व निंबाराम की पहचान के लिए जयपुर एसएफएल भिजवाया था और एफएसएल में भी पुष्टि हुई है। ऑडियो ट्रांसक्रिप्ट में भी राजाराम गुर्जर, संदीप चौधरी को रूपयों की डिमांड पूरी नहीं होने पर धमकाता है। और मेयर से नाराज होने की बात भी कहता है। संदीप चौधरी 276 करोड रुपए के बदले 10 परसेंट के हिसाब से रुपए देने की बात कहता है और राजाराम सहमति देते हैं।
अजय सिंह भाटी (मार्मिक धारा)