पिछले हफ्ते एक्टर विजय राज ने गोंदिया में दर्ज मॉलेस्टेशन के मामले के खिलाफ बॉम्बे हाईकोर्ट की नागपुर बेंच में शरण ली थी। अब नागपुर हाई कोर्ट से विजय को उनके खिलाफ दर्ज एफआईआर पर अंतरिम निषेधाज्ञा मिल गई है। विजय पर नवंबर 2020 में फिल्म शेरनी की शूटिंग के दौरान होटल रूम में एक असिस्टेंट डायरेक्टर से छेड़छाड़ के आरोप लगे थे।
विजय राज की वकील सबीना बेदी सच्चर ने कहा कि “इस राहत के तहत विजय राज को गोंदिया में फिलहाल कोई भी ट्रायल नहीं होगा। न उनको वहां बुलाया जाएगा। तब तक, जब तक कि मुंबई हाईकोर्ट का नागपुर बैंच यह तय ना कर लें कि एफआईआर क्वैश करना ना है या नहीं?”
बता दें कि इस केस में गोंदिया में आईपीसी की धारा 354a और 354d के तहत उन पर एफआईआर भी दर्ज हो गई थी। विजय राज ने अपनी वकील सबीना बेदी सच्चर के जरिए उस f.i.r. को रद्द करने का आवेदन दर्ज किया था। विजय राज के वकील का तर्क था कि कथित घटना वाले दिन विजय राज सुबह 6:30 बजे होटल से सेट पर शूटिंग के लिए गए थे। उस दिन सेट पर आरोप लगाने वाली असिस्टेंट डायरेक्टर भी थी। मगर बाद में f.i.r. में लिखा गया कि उस दिन सुबह 9 बजे विजय राज ने होटल में आरोपी से संपर्क करने का प्रयास किया, जबकि वह संभव नहीं था।
वह इसलिए कि विजय राज ने उस दिन सुबह 6:30 बजे होटल छोड़ दिया था। लिहाजा आरोप निराधार, मनगढ़ंत और काल्पनिक है। वकील सबीना बेदी सच्चर ने कहा कि इस तर्क के आधार पर कोर्ट ने विजय राज को एड इंटरिम रिलीफ दे दी है।
अजय सिंह भाटी (मार्मिक धारा)
हर्षवर्धन शर्मा (मार्मिक धारा)