नेशनल अवार्ड विजेता व फिल्म एडिटर वामन भोंसले का निधन हो गया है। 89 साल की उम्र में उन्होंने मुंबई में अंतिम सांस ली। फिल्ममेकर सुभाष घई ने इस बात की जानकारी सोशल मीडिया पर दी है। घई ने लिखा है कि “वामन भोंसले सर की आत्मा को शांति मिले। मेरी पहली फिल्म ‘कालीचरण’ में जीनियस एडिटर, जो बाद में ‘खलनायक’ तक मेरी सभी फिल्मों के एडिटर टीचर रहे। और मुझे अपनी ‘ताल’ जैसी फिल्मों की एडिटिंग के लिए प्रेरित करते रहे, एक महान टीचर।”
वामन भोंसले को 1978 में विनोद खन्ना और विद्या सिन्हा स्टारर फिल्म ‘इनकार’ के लिए बेस्ट एडिटिंग का नेशनल अवार्ड मिला था। जिस के डायरेक्टर राज एन सिप्पी थे। 1992 में रिलीज हुई दिलीप कुमार, राजकुमार, मनीषा कोइराला और विवेक मुश्रान स्टारर और सुभाष घई के निर्देशन में बनी फिल्म ‘सौदागर’ के लिए वामन ने फिल्मफेयर अवार्ड भी जीता था।
वामन भोंसले का जन्म गोवा में हुआ था। वहां अपनी शुरुआती शिक्षा पूरी कर 1952 में वे मुंबई आ रहे थे। यहां उन्होंने एडिटर डीएन पाई की निगरानी में बॉम्बे टॉकीज में एडिटिंग की ट्रेनिंग ली और फिर 12 साल तक फिल्मिस्तान स्टूडियो में बतौर असिस्टेंट एडिटर काम किया।
अजय सिंह भाटी (मार्मिक धारा)
हर्षवर्धन शर्मा (मार्मिक धारा)