बसपा और निर्दलीय विधायकों को सरकार में महत्व मिलने के मुद्दे पर कांग्रेस में चल रही खींचतान लगातार जारी है। अलवर के पूर्व सांसद और किशनगढ़बास से विधानसभा चुनाव हार चुके कांग्रेस नेता डॉक्टर करण सिंह यादव ने निर्दलीयों और बसपा से कांग्रेस में आए विधायकों को सरकार में महत्व देने पर सवाल उठाए हैं। यादव ने कहा निर्दलीय और बसपा से आने वाले विधायक अपने क्षेत्रों में कांग्रेस कार्यकर्ताओं को प्रताड़ित कर रहे हैं। निर्दलीय और बसपा से आने वाले विधायकों को एकतरफा महत्व मिलने से पार्टी को निश्चित तौर पर नुकसान हो रहा है। जहां 13 निर्दलीय और 6 बसपा के प्रत्याशी जीत कर आए हैं। वहां पर पार्टी कार्यकर्ता पूरी तरह उपेक्षित है। जहां पर कांग्रेस उम्मीदवार बीजेपी से हारा है वहां पर तो वह एक तरह से विधायक की है। लेकिन इन 19 जगहों पर सब कुछ उन्होंने टेकओवर कर लिया है। करण सिंह यादव प्रदेश कांग्रेस कमेटी मुख्यालय में मीडिया से बातचीत कर रहे थे।
करण सिंह यादव ने उठाएं कई मुद्दे-
करण सिंह यादव ने कहा कि वर्तमान स्थिति में जिस तरह से बसपा से आने वालों और निर्दलीय विधायकों को भाव दिया गया और उन्हें तूल दिया गया हम लोग एक तरीके से साइड लाइन हो गए हैं। कांग्रेस के लिए जो हमने काम करने वाले लोग थे, वह अपने आप को लेफ्ट आउट मानते हैं। हम लोगों की डिजायर नहीं मानी जाती। नगर पालिका और इन क्षेत्रों में मनोनयन की बात भी उन्हीं लोगों की चलती है। अशोक गहलोत की मजबूरी है, कि उन लोगों को खुश रख कर सरकार चला रहे हैं। लेकिन इससे कांग्रेस का जो नुकसान हो रहा है। आम कांग्रेस कार्यकर्ता अपने आप को उपेक्षित मानता है। और उस और प्रदेश प्रभारी का ध्यान दिलाया गया था।
करण सिंह यादव ने आगे कहा कि कांग्रेस का कार्यकर्ता इन क्षेत्रों में अपने आप को उपेक्षित मानता है। ऐसे में बंटवारा किया जाए कि कुछ काम हमारे हो और कुछ उनके। एक तरफ उनकी ही चलने से बड़ा नुकसान होगा। अगर आगे चुनाव आएगा तो उसमें यह हालात सही नहीं है। जो ढाई साल रहे उसमें हम लोग पूरी तरीके से नेगलेक्ट रहे हैं।
हाल ही में अजय माकन से मिले थे नेता-
कांग्रेस प्रभारी अजय माकन कि 28 और 29 जुलाई को जयपुर में कांग्रेस विधायकों से लिए गए फीडबैक के दौरान ही कई हारे हुए उम्मीदवारों ने मांग उठाई थी कि उनसे भी बात हो। उस वक्त पूर्व मंत्री और तिजारा से चुनाव हार चुकी दुरु मियां अजय माकन से समय लेने गए थे। बाद में उन्हें दिल्ली बुलाया गया। अलवर जिले के कांग्रेस टिकट पर 2018 का विधानसभा चुनाव हार चुके करण सिंह यादव, दुरू मिंया और डॉक्टर आरसी यादव ने दिल्ली में अजय माकन से मुलाकात करके उनकी उपेक्षा का मुद्दा उठाया।
अजय सिंह भाटी (मार्मिक धारा)