करौली, करौली के सपोटरा तहसील में बूकना ग्राम पंचायत में एक मंदिर के पुजारी को जिंदा जला दिया। मंदिर माफी की जमीन को लेकर आरोपियों ने पुजारी पर पेट्रोल उड़ेल कर आग लगा दी।
करौली पुलिस अधीक्षक मृदुल कछवाहा ने बताया कि बूकना में पुजारी को जिंदा जलाने की घटना को गंभीरता से लिया गया है। पुलिस की छह अलग-अलग टीमें गठित की गई हैं। मुख्य आरोपी कैलाश पुत्र काडू मीणा निवासी बूकना को गिरफ्तार कर लिया है।
पुजारी बाबूलाल वैष्णव के 6 पुत्रियां हैं तथा 1 पुत्र है। 6 पुत्रियों में से 5 की शादी हो चुकी है। एक पुत्री परित्यक्ता होने के कारण पुजारी के साथ रहती है। पुत्र देशराज जिसका पूर्व में विवाह हो चुका था, लेकिन मानसिक रूप से कमजोर होने के कारण उसकी पत्नी पीहर चली गई है।ऐसी तंगहाली में जीवन यापन कर रहे परिवार की जिम्मेदारी विधवा पुजारिन पर होने से परिवार के लालन पालन का संकट उत्पन्न हो गया है।
ब्राह्मण संगठनों ने इसका विरोध जताया है तथा अतिरिक्त कमिश्नर राहुल प्रकाश से वार्ता के दौरान थाना प्रभारी को हटाने, पीड़ित परिवार को 50 लाख का मुआवजा देने, सरकारी नौकरी तथा सुरक्षा देने के आश्वासन पर शव को उठाया।
विवाद का कारण
ग्राम पंचायत बूकना में मृतक बाबूलाल वैष्णव पुत्र पून्या वैष्णव का परिवार करीब 184 साल पूर्व निर्मित श्री राधा गोपाल मंदिर की पूजा अर्चना करता आ रहा है।गांव के 100 परिवारों ने पुजारी के परिवार के भरण-पोषण के लिए राजस्व रिकॉर्ड के अनुसार 9 बीघा 19 बिस्वा भूमि मंदिर माफी के रूप में दी थी। उसी भूमि पर बाबूलाल वैष्णव का आवासीय मकान है। आरोपी कैलाश मीणा, शंकर मीणा व नमो मीणा पुत्र काडू मीणा जमीन पर जबरन कब्जा कर लिया था।पंचायत में आरोपी को कब्जा ना करने का फरमान देने के बावजूद आरोपियों ने जबरदस्ती कब्जा कर लिया था।7 अक्टूबर को सुबह 10:00 बजे आरोपियों को उलाहना देने पर पुजारी पर पेट्रोल डालकर आग लगाकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराने पर उसे जयपुर रैफर कर दिया गया।गुरुवार को s.m.s. अस्पताल में उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।
इस संकट से परिवार पर मानो दुखों का पहाड़ टूट गया हो। तथा परिवार पर आर्थिक संकट भी जबरदस्त उत्पन्न हो गया है।
हर्षवर्धन शर्मा (मार्मिक धारा)