पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर बीते दिन हुए कथित हमले का मामला अब चुनाव आयोग तक पहुंच गया है। टीएमसी नेता डेरेक ओ ब्रायन, राज्यमंत्री चंद्रिमा भट्टाचार्य और पार्थ चटर्जी ने चुनाव आयोग से मामले की शिकायत की। इससे पहले टीएमसी ने ऐलान किया था कि वह आज अपना चुनावी घोषणा पत्र जारी नहीं करेंगे। पुलिस ने तृणमूल नेता शेख सोफिया की शिकायत पर केस दर्ज कर लिया है। बता दे कि टीएमसी ने इस हमले को राजनीतिक साजिश बताया है, साथ ही इसके लिए भाजपा को जिम्मेदार ठहराया है।
टीएमसी सांसद डेरेक ओ ब्रायन ने कहा कि 9 मार्च को चुनाव आयोग ने डीजीपी को बदल दिया। 10 मार्च को भाजपा सांसद दिलीप घोष पोस्ट करते हैं कि “आप समझ जाएंगे 5 बजे के बाद क्या होने वाला है और 6 बजे ममता दीदी पर हमला हो जाता है। हम इस घटना की निंदा करते हैं। हम चाहते हैं कि जल्द से जल्द सच्चाई सभी के सामने आ जाए।”
घटना के बाद भाजपा का प्रतिनिधिमंडल भी चुनाव आयोग पहुंचा। और सब्यसाची दत्ता और शिशि बजोरिया ने चुनाव आयोग के अधिकारियों से मुलाकात की। उन्होंने कहा कि मामले की गंभीरता से जांच होनी चाहिए।इससे पहले तृणमूल नेता पार्थ ने भाजपा पर आरोप लगाते हुए कहा कि “कुछ लोग लगातार ममता को रोकने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन वे कामयाब नहीं होंगे। यह हमला एक साजिश थी।”
ममता बनर्जी बुधवार शाम नंदीग्राम में घायल हुई थी। उनके पैर में चोट लगी है। और उन्हें कोलकाता के एसएसकेएम हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है। बुधवार को ही नंदीग्राम से उन्होंने अपना नामांकन दाखिल किया था। घटना पर ममता बनर्जी का कहना है कि किसी ने उन्हें धक्का दिया, जिसकी वजह से उनके पैर में चोट लगी।
अजय सिंह भाटी (मार्मिक धारा)
हर्षवर्धन शर्मा (मार्मिक धारा)